CG BREAKING: गैस पाइपलाइन प्रभावित किसान संघर्ष समिति,गैस पाइपलाइन प्रभावित किसानों ने दिया अल्टीमेटम कहाँ अब नहीं सहबो चक्काजाम कर के रहीबो

दुर्ग । रवि प्रकाश ताम्रकार के नेतृत्व में दुर्ग ज़िले के 21 गाँव के गैस पाइपलाइन प्रभावित किसानों ने आज दुर्ग में हिन्दी भवन के सामने एक दिवसीय धरना प्रदर्शन कर पटेल चौक से रैली करते हुए हिन्दी भवन पहुँच कर संभाग आयुक्त को ज्ञापन दिया । उन्होंने कहा कि गेल (इंडिया) लिमिटेड द्वारा गैस पाइपलाइन हेतु किए जा रहे कार्यों से ज़िले के किसान पिछले 1 साल से पीड़ित है । ज़िला प्रशासन द्वारा भी आंदोलनरत किसानों के माँगो और हितों को नज़रअंदाज़ किया जा रहा है ।

किसान नेता संदीप पटेल ने कहाँ कि विगत 10 महीनों से चल रहा है आंदोलन – गेल (इंडिया) लिमिटेड और ज़िला प्रशासन आँख मिचौली का खेल खेल रहे है । गेल (इंडिया) लिमिटेड द्वारा पाइपलाइन अधिनियम 1962 के प्रावधानों की धज्जियाँ उड़ा कर तेज़ी से पाइपलाइन बिछाने का कार्य किया गया । हमने उन तामम उल्लंघनों को उजाकर करके ज़िला प्रशासन को सबूतों के साथ मुख्यमत्री और कलेक्टर के नाम ज्ञापन दिया पर कोई उचित कार्यवाही नहीं हुई । जिससे किसान आक्रोशित होकर आज दुर्ग में बड़ी संख्या में उपस्थित हो कर आदरणीय संभाग आयुक्त से इंसाफ़ की गुहार लगाने एकत्रित हुए है ।

बिना मुआवज़ा दिए बिछा दी गई गैस पाइपलाइन
जिला किसान संघ से रमाकांत बंजारे ने कहाँ कि ग्राम टेमरी, रौता, ख़र्रा, हिर्री, नवागाँव, डोमा और पथरिया में अधिकतर किसान मुआवज़े से आस में पिछले 8 महीने से इंतज़ार कर रहे है । किसानों का आरोप है कि उनके गाँव में कुछ लोगो के बैंक ख़ातो में पैसा डालने के बाद बाक़ी किसानों को गुमराह कर पाइपलाइन बिछा दी गई ।

बिना डायवर्सन अनुमति के किया जा रहा है निर्माण कार्य
छत्तीसगढ़ मुक्ति मोर्चा (मज़दूर कार्यकर्ता समिति) के कलादास ढहरीया ने बताया कि गेल (इंडिया) लिमिटेड द्वारा ग्राम नवगाँव में स्थित भूमि जिसका खसरा नंबर 1269/2 है । उक्त भूमि के डायवर्सन की प्रक्रिया अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) कार्यालय धमधा में विचाराधीन है । उसके बावजूद उक्त भूमि पर विगत 6 महीनों से नियम/क़ानून का उल्लंघन कर अवैध निर्माण किया का रहा था । जिसका स्थानीय ग्रामीणों ने विरोध कर निर्माण कार्य को बंद करवाया है ।

फसल नुक़सान के पंचनामा बनाने में हो रही है गड़बड़ी
असनारा के स्थानीय किसान सनत साहू में बताया कि पिछले 1 साल से किसानों को खेती करने में बड़ी परेशानी हो रही है । फसल नुक़सान हेतु किए गए पंचनामा में भी भारी अनियमितता सामने आ रही है । पंचमामा की प्रतिलिपि 1 साल बाद किसानों को दी जा रही है । किसानों का आरोप है कि इसमें कई त्रुटि है । हमारे खेतों में हुए नुक़सान का आकलन ग़लत तरीक़े से हुआ है ।

आज के आंदोलन में बड़ी संख्या में किसानों ने उपस्थित होकर संभाग आयुक्त को ज्ञापन देकर जल्द संभाग आयुक्त की अध्यक्षता में गेल(इंडिया), प्रभावित किसान और ज़िला प्रशासन की संयुक्त बैठक आयोजित कर किए गये उल्लंघनों पर विस्तृत चर्चा करने का आग्रह किया है । इस आंदोलन में ग्राम टेमरी से कोमल देशमुख, रौता से सतानंद राजपूत, हिर्री से जय राम साहू, नवागाँव से माखनलाल साहू, डोमा से रूपेमद्र साहू, बागडूमर से ओमप्रकाश सिंह और अहेरी से हेमलाल सहित दुर्ग के 21 गाँव के प्रभावित किसानो ने एक स्वर में कहाँ अब नहीं साहिबों – चक्काजाम कर के रहीबो ।

गैस पाइपलाइन प्रभावित किसान संघर्ष समिति के समर्थन में राजेंद्र परगनिहा, आदिवासी मातृ शक्ति संगठन से चंद्रकला तारम, छत्तीसगढ़ मुक्ति मोर्चा से कलादास ढहरीया, ज़िला किसान संघ से रमाकांत बंजारे, अहेरी से जनपद सदस्य भूपेन्द्र साहू, ढालेश साहू, संदीप पटेल उपस्थित रहे ।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!